Pregnancy planning? Things to consider

54

प्रेग्‍नेंसी प्‍लानिंग करते समय इस ओर दें ध्‍यान. Image Credit/Shutterstock

Pregnancy Planning Tips: प्रेग्‍नेंसी के दौरान महिलाओं को कई शारीरिक और भावनात्मक बदलावों (Physical And Emotional Changes) से गुजरना पड़ता है. ऐसे में जरूरी है कि इसकी पहले से पूरी तैयारी कर लें.

Pregnancy Planning Tips: अगर आप पहली बार मां बनने जा रही हैं इसके लिए जरूरी है कि इसकी पहले से तैयारी की जाए. प्रेग्नेंसी से पहले यह ध्यान रखना बेहद जरूरी है कि आपका शरीर आने वाले बच्चे के मुताबिक स्‍वस्‍थ (Healthy) है कि नहीं. ताकि प्रेग्‍नेंसी के दौरान और जन्‍म के समय किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े. वहीं प्रेग्‍नेंसी के दौरान महिलाओं को कई शारीरिक और भावनात्मक बदलावों (Emotional Changes) से गुजरना पड़ता है. ऐसे में जरूरी है कि अपनी सेहत का पूरा ख्‍याल रखने के साथ इसकी पूरी प्लानिंग कर लें. यह मां और जन्म लेने वाले बच्चे की सेहत के लिए बेहद जरूरी भी है. इसलिए अपनी सेहत, अपने खान-पान के साथ कई अन्‍य बातें हैं जिन पर ध्‍यान दिया जाना जरूरी है.

जानें मेडिकल हिस्ट्री
एक महिला के गर्भवती होने से पहले अपने डॉक्‍टर से अपनी मेडिकल हिस्ट्री पर चर्चा कर सकती है और सलाह ले सकती है. डायबिटीज, थायराइड रोग, गुर्दे की बीमारी या हृदय रोग जैसी बीमारियों के होने पर गर्भाधान से पहले इन्‍हें अच्छी तरह से नियंत्रित किया जाना जरूरी है. साथ ही प्रेग्‍नेंसी से पहले मां की जांच भी होनी चाहिए कि वह एचआईवी या हेपेटाइटिस बी वायरस से संक्रमित तो नहीं है. ताकि गर्भावस्था के दौरान या प्रसव के दौरान बेहतर उपचार की मदद से बच्चे का संक्रमण से बचाव किया जा सके.

ये भी पढ़ें – इन 5 आसान उपायों से दूर होंगे स्ट्रेच मार्क्स, जानें कैसेदवाओं का उपयोग करें बंद

सीडीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक अगर आप प्रेग्‍नेंसी प्‍लानिंग कर रही हैं तो धूम्रपान न करें और अगर कुछ दवाएं लेती हैं तो अपने डॉक्‍टर से बात करें और जिन दवाओं का उपयोग करना बंद किया जा सकता है उनका बंद कर दें. वरना इनकी वजह से गर्भावस्था के दौरान महिला और उसके बच्चे के लिए कई समस्याएं पैदा कर सकता है, जैसे कि समय से पहले जन्म, जन्म दोष और शिशु मृत्यु आदि.

योग करें रूटीन में शामिल
हेल्‍थलाइन की एक रिपोर्ट के मुताबिक आपकी प्रजनन क्षमता के लिए योग कई तरह से फायदेमंद हो सकता है. नियमित रूप से योगाभ्यास करने से गर्भाधान प्रक्रिया से संबंधित समस्‍याएं दूर होंगी और साथ ही चिंता, तनाव दूर करने में भी मदद मिल सकती है.

तनाव से रहें दूर

इस दौरान तनाव से दूर रहने का प्रयास करें. इसके लिए संगीत सुन सकती हैं. साथ ही अपने पार्टनर के साथ समय बिताएं और अपने मनपसंद कामों को करें. अगर गार्डनिंग का शौक है तो वह भी कर सकती हैं. साथ ही तनावपूर्ण माहौल से दूरी बनाएं.

ये भी पढ़ें – ये 6 कारण जो बताते हैं कि रोज खाएं हरा सेब, डायबिटीज में भी है फायदेमंद

कम करें चाय और कॉफी का सेवन
अपनी चाय और कॉफी का सेवन कम करें. कॉफी, चाय में कैफीन और टैनिन होता है. इसके ज्यादा सेवन से आपकी भूख कम हो सकती है, जो गर्भावस्था के लिए सही नही है. साथ ही अच्‍छी सेहत के लिए अच्‍छी डाइट और भरपूर नींद लें.






Source link