Mithun Chakraborty to Nusrat Jahan Film Stars in Bengal Elections

230

पश्‍च‍िम बंगाल व‍िधानसभा चुनाव 2021: मोदी और शाह की जोड़ी इस बात को अच्छी तरह से जानती है कि फिल्मी ग्लैमर का इस्तेमाल चुनाव जीतने में कैसे करना है, मगर बंगाल की राजनीति में जीत के इस सुपरहिट फॉर्मूले को सबसे पहले अपनाने वाली ममता दीदी ही हैं।

ममता के फिल्मी धुरंधर: शताब्दी रॉय और मुनमुन सेन जैसे सितारों को फ्रंट लाइन फाइटर बनाने के बाद दीदी ने 2019 के लोकसभा चुनाव में अपने दो तुरुप के इक्के निकालेनुसरत जहां और मिमि चक्रवर्तीतुरुप के इक्के इसलिए क्योंकि इन दोनों ने ना सिर्फ पश्चिम बंगाल बल्कि देश भर में अपनी मौजूदगी का अहसास कर दिया

नुसरत और मिमि जब जीतकर लोकसभा में पहुंची तो उन्हें अच्छी तरह से अहसास था कि वो टॉलीवुड और बंगाली टीवी जगत के लिए एक बेंचमार्क सेट करने जा रही हैं, ऐसा बेंचमार्क जो टीएमसी को 2021 में फिल्मी सितारों को अपनी तरफ खींचने में मदद करेगाऐसे में कोई ताज्जुब नहीं कि विधानसभा चुनावों से ठीक पहले ममता दीदी की एक पुकार पर जून मालिया, कौशानी मुखर्जी, प्रिया सेन गुप्ता, सयानी घोष, भारत कौल, दीपांकर डे और सौरभ दास जैसे लोकप्रिय बंगाली सितारे दौड़े चले आए, इन दिनों बंगाल के रण में यही सितारे बंगाली मानुष को दीदी की तरफ बनाए रखने में जी जान से जुटे हैं

मोदी के ग्लैमरस रणबांकुरे: बॉलीवुड के नामचीन गायक बाबुल सुप्रियो तो पिछले कई सालों में बंगाल में बीजेपी का झंडा संभाले हुए दीदी पर दे दनादन पॉलीटिकल वार किये जा रहे हैंउनकी इस जंग में टीवी सीरियल महाभारत की द्रौपदी रूपा गांगुली भी शामिल रही हैंमगर बंगाली सितारों ने मोदी और शाह के न्यौते को थोक के भाव में चुनावों के ऐलान से करीब 7-8 महीने पहले ही कबूल करना शुरु किया। सरबंती चटर्जी जैसी लोकप्रिय नेता इन दिनों बंगाल के कोने कोने में जाकर वोटरों को भगवा खेमे में खींचने की कोशिश में जी जान से जुटी हैं और इस काम में उनका साथ देने के लिए मौजूद हैं यश दासगुप्ता, हिरण चटर्जी, राजश्री राजबसंती और बॉनी सेनगुप्ता जैसे नामचीन सितारेअगर कोई कमी रही गई थी तो उसे पूरी कर दी है सितारों के सितारे मिथुन चक्रवर्ती ने

फिल्मी सितारे चाहें बीजेपी के पाले से हों या टीएमसी के खेमे सेमकसद दोनों का एक है, ज्यादा से ज्यादा बंगाली मानुष के वोट अपनी पार्टी की झोली में लाना। अब दोनों में से किसे कामयाबी मिलती हैं और किसे निराशा, ये जानने के लिए तो 2 मई तक का इंतज़ार करना पड़ेगा।



सबसे ज्‍यादा पढ़ी गई


Source link